स्वतंत्र प्रभात-रात की नींद अच्छे स्वास्थय की कुंजी : 12 बातें आपके स्वस्थ के लिए जानना बेहद जरुरी

 

 

रात को अच्छी नींद हम सभी की सेहत के लिए बहुत जरूरी होती है। रात मे नींद पुरी ना होने पर मन अशांत रहता हैं | बात- बात पर गुस्सा आता हैं | काम या पढ़ने में दिमाग नहीं लगता | भूख कम लगती हैं जिससे कमज़ोरी आती हैं | पाचन क्रिया सही नहीं रहती हैं | सिर दर्द एवम शरीर दर्द | नींद कम आने से वजन बढ़ने लगता हैं | चेहरा मुरझाने लगता हैं | कभी कभी चक्कर आने जैसी समस्या बढ़ जाती हैं | यह परेशानी दिमाग पर गहरा असर डाल सकती हैं क्यूंकि संतुलित नींद से शरीर और दिमाग चुस्त दुरुस्त रहता हैं जिससे जीवन के हर क्षेत्र में मनुष्य का रुझान बढ़ता हैं |

बच्चों के लिये 9-10 घंटे, युवाओं को 7-8 घंटे तथा बृद्धो के लिये 5-6 घंटे की नींद आवश्यक है इससे तन मे स्फुर्ती रहती है और दिमाग मे शीतलता बनी रहती है । कुछ उपायों को अपना कर बेहतर नींद पायी जा सकती है

 

बेडरुम मे सफाई : बेडरूम वह जगह है, जहां आप अपना अधिकतर समय बिताते हैं, आराम करते हैं, सपने देखते हैं, सोते हैं, खेलते हैं । अत: आप यह अच्छी तरह से परख लीजिए कि आपके पास वे सब चीजें हैं जो आपको पूरा आराम लेने में सहायक होती है। आपके तकिए और गद्दे साफ और आरामदायक होने चाहिये । बिस्तर के नीचे या कमरे मे कहीं भी गंदगी नही होनी चाहिये । यदि आपके बेड में सामान रखने के बॉक्स बने हुए हैं, तो उन्हें साफ-सुथरा रखें और जहां तक हो सके उनमें केवल चादर या तौलिये ही रखें।

बेडरूम में इलेक्ट्रॉनिक सामान : बेडरूम में कभी भी इलेक्ट्रॉनिक सामान बिल्कुल न रखें, क्योंकि इनको रखने से आप सही ढंग से नींद नहीं ले पाते। उदाहरण के लिए बहुत से लोग टेलीवीजिन और कम्प्यूटर को बेडरूम में रखते हैं, लेकिन वे इस बात से अंजान होते हैं कि इलेक्ट्रॉनिक सामान अतिरिक्त ऊर्जा को उत्पन्न करता है जो नींद के लिए समस्या बनती है।

लॉफिंग बुद्धा : अपने बेडरूम में एक लॉफिंग बुद्धा अवश्य रखें। इससे कमरे में सकारात्मक ऊर्जा के साथ ही आपकी नींद को सहारा मिलेगा। यह धन और स्वास्थ्य का प्रतीक होता है। इसके इस्तेमाल से घर में धन-धान्य में कमी नहीं रहेगी। आपके घर का माहौल भी सदा हल्का रहेगा। हल्के माहौल के चलते परेशानियां कम होंगी और नींद अच्छी आएगी।

बेडरूम को सजा कर रखे : कमरे में हमेशा हल्के रंगों का इस्तेमाल करें। इसके अलावा बिस्तर की चादर भी हल्के रंग की होनी चाहिए अन्यथा आप अपने में आलस महसूस करेंगे। चादर में लाल रंग का इस्तेमाल करना अच्छा होता है।

सोने के लिए बिस्तर पर लेटे हुए भविष्य की चिंता , नकारात्मक विचार , डर या कोई अन्य कोई चिंता या विचार दिमाग में होने से शरीर में फुर्ती पैदा करने वाला हार्मोन एड्रेनलिन बनता है जो सोने नहीं देता अत: बिस्तर पर जाने से पहले इन्हे त्यागे ।

रात के खाने मे ध्यान देकर : रात के समय ज्यादा मसालेदार खाना , फास्ट फूड , मैदा से बने या तले हुए सामान , देर से पचने वाला खाना आदि पाचन तंत्र को प्रभावित करते है। ऐसा खाना पेट में गैस , दर्द , जलन , एसिडिटी आदि पैदा करता है जिसकी वजह से नींद नहीं आती ।

सोने का निश्चित समय अपना कर : सोने का एक निश्चित समय बना लेने से उस वक्त नींद आने लग जाती है। उस समय सो जाएँ तो अच्छी गहरी नींद आती है।

शाम को योग करने से भी, रात को अच्छी नींद आती है,दिन में सोने की आदत को अलविदा कहें। अनिद्रा के रोगी को अपने हाथ-पैर मुँह स्वच्छ जल से धोकर बिस्तर पर जाना जाहिए। इससे नींद आने में कठिनाई नहीं होगी।

अच्छी नींद के लिए कमरे का हवादार होना भी जरूरी है। अगर मौसम बाहर सोने के अनुकूल है तो छत पर या बाहर सोने को प्राथमिकता दें। कमरे में कूलर-पँखा या फिर एयर कंडीशनर का शोर ज्यादा रहता है, तो इनकी भी मरम्मत करवा लेनी चाहिए, क्योंकि शोर से मस्तिष्क उत्तेजित रहता है, जिस कारण निद्रा में बाधा पड़ जाती है।

सोने से पहले चाय-कॉफी या अन्य तामसिक पदार्थों का सेवन नहीं करें। इससे मस्तिष्क की शिराएँ उत्तेजित हो जाती हैं, जो कि गहरी नींद आने में बाधक होती हैं।

त्वचा के तापमान के बढ़ने पर नींद का अनुभव होने लगता है और आपको गहरी नींद की गोद में कुछ जल्दी भेज देता है। सोने के समय से आधा घंटा पहले गर्म पानी से नहाइए या शावर लीजिए, और इनसे नींद आने का लाभ उपल्ब्ध कीजिए।

यदि आप पीठ के बल सोते हैं, तो आपके श्वसन-मार्ग रुद्ध हो जाते हैं और आपके खर्राटे भरने की संभावना बढ़ जाती है। अपनी करवटों पर सोइए, और अपके संगी के साथ भी यही समस्या है तो उसे भी ऐसा ही करने के लिए प्रोत्साहित कीजिए।

आदर्श रूप से, आपको अपनी गर्दन को सीधी रेखा में रख कर सोना चाहिए। यदि आवश्यक हो, तो अपने कूल्हों को तटस्थ रखने के लिए घुटनों के बीच एक तकिया रख लीजिए। कुछ व्यक्ति दो तकियों का उपयोग करते हैं, एक अपनी बाँह के लिए और दूसरा सिर को ऊँचा उठाने के लिए। कुछ अन्य, अपने चारों ओर पसंद के तकिए रखते हैं। आपको जो भी आरामदायक लगे और सीध में रखे वही सबसे अच्छा है।

 


 

AMIT PRAKASH SRIVASTAVA
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