श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथाव्यास ने राजा दक्ष का यज्ञ और सती प्रसंग सुनाया

श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथाव्यास ने राजा दक्ष का यज्ञ और सती प्रसंग सुनाया

  विजय पाठक

मिल्कीपुर अयोध्या

श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथाव्यास ने राजा दक्ष का यज्ञ और सती प्रसंग सुनाया। ध्रुव चरित्र में भगवान के भक्त की तपस्या से प्रसन्न होकर अटल पदवी देने का वर्णन किया।

कुमारगंज क्षेत्र के पाराधनेथुआ पूरे झाऊ पांडे गांव में शानिवार को कथा व्यास पंडित गहनाग शुक्ला ने कथा प्रेमियों को  बताया कि भगवान शिव की अनुमति लिए बिना उमा अपने पिता दक्ष द्वारा आयोजित यज्ञ में भाग लेने पहुंच गईं। 

यज्ञ में भगवान शिव का आमंत्रण और उनका भाग न दिए जाने पर कुपित होकर सती ने यज्ञ कुंड में आहुति देकर शरीर त्याग दिया। इससे नाराज शिव के गणों ने राजा दक्ष का यज्ञ विध्वंस कर दिया। 

ध्रुव कथा प्रसंग में बताया कि सौतेली मां द्वारा अपमानित होकर बालक ध्रुव कठोर तपस्या के लिए जंगल को चल पड़े। बारिश, आंधी-तूफान के बावजूद तपस्या न डिगने पर भगवान प्रगट हुए और उन्हें अटल पदवी दी। सैकड़ों की संख्या में ग्रामीणों ने श्रीमद् भागवत कथा का श्रवण किया ।

इस मौके पर स्वामी प्रसाद पांडे ,प्रदीप सिंह ,प्रदीप पांडे, आदित्य प्रताप शर्मा ,राम नायन पांडे, राममिलन पाठक, लल्लू पांडे, रामपाल पांडे सहित अन्य कथा प्रेमी मौजूद रहे।

Comments