औने-पौने दामों पर गन्ना बेचने वाले बेवस कुशीनगर के किसान सीएम को संबोधित पत्र एडीएम को सौंपा

औने-पौने दामों पर गन्ना बेचने वाले बेवस कुशीनगर के किसान सीएम को संबोधित पत्र एडीएम को सौंपा

प्रमोद रौनियार,कुशीनगर,उप्र।

कुशीनगर जनपद के विभिन्न स्थानों पर चल रहे गन्ना क्रेशर प्लांट जिसमें जटहां बाजार,बसाहिया,खिरकिया आदि दर्जनों जगहों पर किसान अपनी एक वर्ष की कमाई लुटाने पर मजबूर हो उठे है। गन्ना किसानों का हाल तो इतना बदतर हो गया है कि अपना गन्ना औने पौने दामों पर क्रेशर पर बेचने को मजबूर हो चुके है।यहा के गन्ना माफिया अपने मनमानी दाम तय कर 150 से 180 रुपया खरीद रहे है और मजबूर किसान इनके हाथों लूटने पर बेवशी के शिकार है।

ऐसे में क्रय केंद्र पड़री पीपरपाती विकास खंड विशुनपुरा क्षेत्र अंतर्गत पड़री पीपरपाती ग्राम के गन्ना किसानों द्वारा जिला मुख्यालय पर मुख्यमंत्री गन्ना आयुक्त जिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन एडीएम कुशीनगर विंध्यवासिनी राय को सौंपा गया।

उनके द्वारा बताया गया कि ग्राम पड़री पीपरपाती में 672 हेक्टेयर गन्ने की खेती की गई है। जिसमें अनुमानित पैदावार 525000 कुंटल आंकी गई है विगत वर्ष अनुमानित पैदावार 423000 कुंटल के सापेक्ष मात्र 158000 कुंटल ही गन्ना खरीद की थी शेष गन्ना औने पौने दामों पर बिचौलियों के हाथों किसानों को बेचने को मजबूर होना पड़ा था। वर्तमान यदि अपने पुराने निश्चय पर ही कायम रहे तो किसानों की कठिनाइयों बढ़ती नजर आ रही है। 

उनके द्वारा बताया गया कि मुख्यमंत्री योगी द्वारा अभी 14 नवंबर को ही लखीमपुर जिले में कहे कि किसानों के शोषण करने वालों की खैर नहीं होगी।जबकि गन्ना माफियाओं के सुविधा केंद्रों का निर्धारित संकल्पित प्रतीत होते हैं मुख्यमंत्री से अलग व किसानों से अलग सोच रखते हुए ऐसा विश्वास नहीं है कि उनके जो किसानों का हित ही सर्वोपरि है।इसके साथ उनके द्वारा बताया गया कि गन्ना आयुक्त उत्तर प्रदेश शासन से वार्ता की गई तो वहां से यह सूचित किया गया कि जिला गन्ना अधिकारी द्वारा प्रस्तावित की गई है तथा उनके द्वारा नोडल अधिकारी से बात करने को कहा गया।

इसके साथ ही किसानों को उचित मांगों पर विचार करते हुए एक और गन्ना क्रय केंद्र क्षेत्रफल के देखते हुए सुधार करने की मांग की गई इस अवसर पर राकेश कुमार सिंह भागवत यादव जगदीश जगदीश यादव पूर्व जिला पंचायत सदस्य अनिल कुमार सिंह शहाबुद्दीन अंसारी आदि लोग मौजूद रहे।

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