दीपावली महोत्सव पर भारतीय संस्कृति के रंग में रंगे कनाडा वासी 

दीपावली महोत्सव पर भारतीय संस्कृति के रंग में रंगे कनाडा वासी 

रंगारंग कार्यक्रम में जमकर झूमे लोग, हरियाणवी एसोसिएशन ऑफ नॉर्थ अमेरिका ने आयोजित किया प्री दिवाली फंक्शन 

  • हरियाणवी एसोसिएशन ऑफ नॉर्थ अमेरिका द्वारा आयोजित कार्यक्रम में भाग लेते प्रतिभागी व सम्मान प्राप्त करते प्रतिभागी।


करनाल(तिलक राज बंसल )-

दीपावली वाली सिर्फ आतिशबाजी का त्योहार नहीं। यह पर्व है तन, मन और धन की समृद्धि हासिल करने का, एक-दूसरे के साथ खुशियां बांटने का। यही वजह है कि विदेश में लोग पटाखों के धूम-धड़ाके और शोरगुल के बगैर भी ‘हैप्पी दिवाली’ मना लेते हैं।

बुधवार को कनाडा के टोरंटो में हरियाणवी एसोसिएशन ऑफ नॉर्थ अमेरिका ने प्री दिवाली फंक्शन आयोजित किया। फंक्शन में प्रतिभागियों ने जमकर धूम मचाई।

हरियाणवी डांस, फॉक सॉन्ग, गिद्दा व भांगड़ा में प्रतिभागियों ने प्रतिभा प्रदर्शन किया।वहां के निवासी भारतीय संस्कृति के रंग में रंग गए। एसोसिएशन के प्रेसिडेंट राजेश वशिष्ठ ने बताया कि यहां भी शाम को लोग घरों के अंदर-बाहर दीपक जलाते हैं, मंदिरों को दीयों और लाइटों से सजाते हैं।

एक-दूसरे को मेवे-मिठाई बांटते हैं, सामुदायिक रूप से बिना धुएं-शोरशराबे वाले पटाखे जलाते हैं। भारतीय समुदाय के लोग एकजुट होकर नाच-गाने का लुत्फ उठाते हैं, एक-दूसरे को तोहफे देते हैं।

उन्होंने बताया कि लोग नए कपड़े पहनकर लक्ष्मी पूजन करते हैं, गणेश भगवान को खुश करने के लिए लड्डू का भोग लगाते हैं। समाज सेवा और मिल-बांटकर रहने का भाव बढ़ाने के लिए एक-दूसरे को मिठाई-तोहफे देने का रिवाज उन्होंने यहां भी शुरू किया है।प्रतिष्ठित टेक्सटाइल व्यवसायी संदीप गुप्ता ने कहा कि यहां सैकड़ों भारतीय परिवार रहते हैं। सबने मिलकर दिवाली मनाई। इस बार सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुआ।

 एसोसिएशन के सचिव अभिषेक तंवर ने बताया कि पत्नी और बेटी ने डांस प्रतियोगिता में हिस्सा लिया। तंवर करनाल के रहने वाले हैं।रियल एस्टेट कारोबारी रमन दुआ का कहना है कि दिवाली के बहाने भारतीय एकत्रित हुए।

एक दूसरे के सुख-दुख बांटे। दिवाली पर हर भारतीयों ने अपने-अपने घरों को खासतौर पर सजाया है। लाइटिंग के विशेष इंतजाम हैं। हर घर पर झालर लटके हैं।
इस मौके पर कुलदीप शर्मा, एसोसिएशन के सचिव जितेंद्र कौशिक, दिनेश, बृज शर्मा, नेहा, मनीषा मुख्य रूप से मौजूद रहे।
तिलक राज बंसल पत्रकार
 

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