महिलाओ ने अखण्ड सौभाग्य तथा कुंवारी कन्याओं ने सुयोग्य वर की कामना के लिए रखा तीज का निर्जला व्रत

इस पर भगवान भोलेनाथ ने वर दिया कि जो महिला इस व्रत को श्रद्धाभाव के साथ करेगी, उसका सुहाग दीर्घकाल तक जीवित रहेगा  इसी मान्यता को लेकर सभी महिलाएं पर्व पर निर्जला व्रत रहती हैं 
 
महिलाओ ने अखण्ड सौभाग्य तथा कुंवारी कन्याओं ने सुयोग्य वर की कामना के लिए रखा तीज का निर्जला व्रत

स्वतंत्र प्रभात 

टांडा अंबेडकर नगर। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी महिलाओं अखंड सौभाग्यवती का पर्व हरतालिका तीज मंगलवार को श्रद्धा, उल्लास से मनाया। महिलाओं ने अपने पति की लंबी आयु के लिए निर्जला व्रत रखा है। हरितालिका पर्व पर महिलाओं में खासा उत्साह देखा गया। पूरे दिन निराजल व्रत रहने के बाद महिलाओं ने शाम को पति के स्वास्थ्य और लंबी उम्र के लिए टांडा शहर के प्रसिद्ध शिव मंदिर झारखंडी में भगवान की शिव की पूजा एवं अाराधना की। पूजा अर्चना की।तथा एवं कुंवारी कन्याए

अच्छे वर प्राप्ति के लिए हरितालिका व्रत करती हैं।।इस व्रत का यह महत्व है कि अगर कुंवारी कन्या इस व्रत को विधि विधान से पूजन करती हैं, तो उसे सुयोग्य वर मिलता है। अगर सुहागिनें इस व्रत को करती हैं, तो उनके पति को लंबी उम्र की प्राप्ति होती है। माता पार्वती ने भगवान शंकर को पाने के लिए जंगल में जाकर घोर तपस्या की थी। इस पर भगवान भोलेनाथ ने वर दिया कि जो महिला इस व्रत को श्रद्धाभाव के साथ करेगी, उसका सुहाग दीर्घकाल तक जीवित रहेगा। इसी मान्यता को लेकर सभी महिलाएं पर्व पर निर्जला व्रत रहती हैं।

   

FROM AROUND THE WEB