उत्तर पूर्वी क्षेत्र की जनता के साथ नही होने दूंगा अन्याय– सुनील कुमार

एनएच विभाग ने बिहार के एनएच 727 बगहा से यूपी के जटहां एनएच मार्ग 9 किमी को फर्जी ढंग से 23.65 किमी कर दूसरा मार्ग 19.5 किमी का 738 करोड़ के परियोजना पर एनएच विभाग क्यों हुआ अधिक बजट पर अडिग,जब कि इसके आधी बजट में बन जायेगा 9 किमी बगहा से गंडक नदी जटहां मार्ग।
 
सांसद सुनील कुमार

स्वतंत्र प्रभात

ब्यूरो प्रमुख प्रमोद रौनियार 

कुशीनगर, उत्तर प्रदेश। 

यूपी बिहार बार्डर को जोड़ने की कवायद के बीच एनएच मोतिहारी डिवीजन बिहार के इंजीनियरों द्वारा बगहा गंडक नदी पूल सह सड़क मार्ग बनाए जाने को लेकर की गई पैमाईश में भारी गड़बड़ी की गई हैं। जिस 9 किमी एनएच बगहा से यूपी एनएच जटहां को 23.65 किमी बना दिया गया और एनएच 727 बगहा से यूपी बेलवनिया 19.5 किमी करके डीपीआर तैयार किया गया है, जब कि बगहा गंडक नदी मार्ग जटहां मात्र 9 किमी ही हैं। इस बात की खुलासा होने पर बगहा गंडक उत्तर पूर्वी बिहार यूपी के बड़ी जनसंख्या वाली आबादी के लोगों में एनएच के इंजीनियरों की बैमनस्यता उजागर होने से असंतोष पैदा हो गई है।इसका खुलासा तब हुआ जब एनएच 727 प्रोजेक्ट इंजीनियर द्वारा पश्चिमी चंपारण बिहार के जिलाधिकारी और वाल्मिकी नगर सांसद सुनील कुमार विधायक धीरेन्द्र प्रताप उर्फ रिंकू सिंह सहित अन्य मौजूद जनप्रतिनिधियों के मौजूदगी में प्रस्तावित परियोजना पर सहमति के लिए दिखाया गया उस परियोजना पर जन प्रतिनिधियों ने गलत सर्वे का आरोप मढ़कर आपत्ति जता दिया। 

अब जाने सर्वे रिपोर्ट का पहला ऑप्शन एनएच 727 बगहा गंडक नदी पूल सह सड़क मार्ग से 19.5 किमी लंबी दूरी यूपी के एनएच 727 बेलवनिया/पनियहवा मार्ग बनाया गया और दूसरा ऑप्शन बगहा गंडक नदी पूल सह सड़क मार्ग यूपी के जटहां 23.65 किमी लंबी दूरी रेखांकित किया गया। यही पर बड़ी घपला घोटाला सामने आई। जब कि एनएच बगहा गंडक नदी पूल मार्ग जटहां मात्र 9 किमी हैं उसे कैसे 23.5 किमी कर दिया गया हैं। मैप को देखकर मनमानी करने का आरोप मढ कर जनप्रतिनिधि भड़क गए और डीएम बेतिया के समक्ष प्रस्तुत परियोजना को सिर से खारिज करते हुए पुनः बगहा गंडक नदी पूल सह सड़क एनएच 727 जटहां मार्ग की सर्वे कराकर डीपीआर की मांग उठा दी गई। जब इस संदर्भ में एनएच मोतिहारी डिवीजन बिहार के इंजीनियर से पत्रकार ने पूछा तो उन्होंने दो टूक कहा जहा अलाईमेंट बना हैं वही पर बनेगा।

बताते चले कि अब विरोध उठना भी स्वाभाविक है इस लिए कि बगहा बेलवनिया रूट प्लान से बगहा गंडक नदी उत्तर पूर्वी बिहार और यूपी क्षेत्र को कोई लाभ मिलने वाला नही हैं जहा तक इस परियोजना पर 738 करोड़ रुपए का बजट व्यय होगा। जब कि बगहा गंडक नदी पूल से एनएच जटहां पिच मार्ग की कुल दूरी मात्र 9.0 किमी ही हैं, इस पर अधिकतम लागत 3 सौ करोड़ रुपए आ सकती हैं। इस पूल मार्ग से बगहा गंडक नदी उत्तर पूर्व में बिहार के ब्लॉक पिपरासी दहवा मधुबनी इलाके में बसी बड़ी आबादी को लाभ मिलेगा यहां तक कि बगहा से यूपी के सदर मुख्यालय पडरौना की कुल दूरी 30 किमी हो जायेगी साथ ही पडरौना विधान सभा के ब्लॉक विशुनपुरा के सैकड़ों गांव की आबादी से यूपी बिहार को व्यापक लाभ मिलेगा और गंडक दोआब के किसान मजदूर बेरोजगार युवाओं को रोजगार करने का अवसर भी मिलेगा। इस मार्ग से यूपी के कुशीनगर गोरखपुर नजदीक हो जायेगा इस मार्ग से बीमार तीमारदार रिश्तेदार और व्यापारियों के लिए दूरी कम होने के साथ गमनागमन का रास्ता आसान हो जायेगा।

उपरोक्त मामले को लेकर वाल्मिकी नगर सांसद सुनील कुमार से स्वतंत्र प्रभात के प्रमोद रौनियार पत्रकार ने मोबाइल से संपर्क कर अवगत कराया तो उन्होंने भी असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि इंजीनियरों द्वारा बगहा बेलवनिया मार्ग की एनएच विभाग द्वारा जो परियोजना चार्ट दिखाई गई वह बिल्कुल गलत हैं कम दूरी कम लागत की बजट वाली बगहा गंडक नदी पूल सह सड़क मार्ग जटहां को किनारे कर दिया गया है। इस परियोजना से बगहा गंडक नदी के उत्तर पूर्वी क्षेत्र में बसी बड़ी आबादी को कुछ हासिल होने वाला नही है। सांसद ने कहा कि बगहा गंडक नदी पूल मार्ग को पुनः सर्वे कराने  की कार्यवाही करवा रहा हूं। हम भी चाहते हैं कि पूल वही बने जिससे उत्तर पूर्वी क्षेत्र के आबादी को अधिक से अधिक सुविधा मिले और उसका लाभ यूपी बिहार की जनता उठा सके। उन्होंने कहा उत्तर पूर्वी क्षेत्र की जनता के साथ हरगिज अन्याय नहीं होने दूंगा बगहा जटहां पूल सह सड़क मार्ग के निर्माण के लिए प्रयास जारी है।

   

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